14-15 जून, 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की स्लोवाकिया यात्रा के दौरान, दोनों देशों ने 11 समझौतों पर हस्ताक्षर किए और तीन महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं, जिससे उनके द्विपक्षीय संबंध नई ऊंचाइयों पर पहुंच गए। सबसे अहम फैसला दोनों देशों के रिश्तों को “व्यापक साझेदारी” (Comprehensive Partnership) के स्तर तक ले जाने का था।
दोनों नेताओं के बीच बातचीत के बाद, पीएम मोदी ने गर्मजोशी से स्वागत के लिए फिको का धन्यवाद किया और ब्रातिस्लावा में एक संयुक्त प्रेस बयान के दौरान उन्हें भारत का करीबी दोस्त बताया।
पीएम मोदी ने कहा, “वे एक अनुभवी नेता और भारत के सच्चे दोस्त हैं। उनकी दोस्ती और अटूट प्रतिबद्धता ने भारत-स्लोवाकिया संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने में अहम भूमिका निभाई है। मुझे खुशी है कि आज उनसे मिलने और हमारे रिश्तों के एक ऐतिहासिक पल का गवाह बनने का मौका मिला।”
द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने का समझौता
यात्रा के महत्व पर जोर देते हुए, पीएम मोदी ने द्विपक्षीय संबंधों को और बेहतर बनाने की योजनाओं की घोषणा की। उन्होंने कहा, “यह किसी भारतीय प्रधानमंत्री की स्लोवाकिया की पहली यात्रा है। मुझे खुशी है कि इस ऐतिहासिक मौके पर हमने अपने रिश्तों को व्यापक साझेदारी के स्तर तक ले जाने का फैसला किया है। यह हमारे साझा भरोसे, साझा प्राथमिकताओं और साझा भविष्य का प्रतीक है।”
मुख्य समझौते और फैसले
भारत और स्लोवाकिया के बीच श्रम प्रवास (labor migration) को आसान बनाने के लिए समझौता हुआ।
रक्षा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के लिए ‘लेटर ऑफ इंटेंट’ (LoI) पर हस्ताक्षर किए गए।
डिजिटल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में साझेदारी को मजबूत करने के लिए समझौता हुआ।
उच्च शिक्षा और रिसर्च में सहयोग को बढ़ावा देने के लिए एक MoU पर हस्ताक्षर किए गए।
फिल्म, टेलीविजन और अन्य रचनात्मक क्षेत्रों में सहयोग को आसान बनाने के लिए ऑडियो-विजुअल निर्माण पर समझौता हुआ।
स्लोवाकिया की टेक्निकल यूनिवर्सिटी ऑफ कोसिसे (Technical University of Košice) में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर पहली ICCR चेयर स्थापित करने का फैसला लिया गया।
क्वांटम कम्युनिकेशन और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे की सुरक्षा के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के लिए समझौता हुआ।
आयुष मंत्रालय के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ नेचुरोपैथी (पुणे) और स्लोवाकिया के पिएस्त्यानी हेल्थ स्पा (Piešťany Health Spa) के बीच एक समझौते पर हस्ताक्षर किए गए।
IIT दिल्ली और स्लोवाक टेक्निकल यूनिवर्सिटी के बीच स्टूडेंट एक्सचेंज, स्कॉलरशिप और जॉइंट रिसर्च प्रोग्राम को लेकर एक समझौता हुआ।
दोनों देशों के टूर ऑपरेटर एसोसिएशन के बीच टूरिज्म में सहयोग को बढ़ावा देने के लिए एक समझौता हुआ।
इंडियन नेशनल साइंस एकेडमी (INSA) और स्लोवाक एकेडमी ऑफ साइंसेज (SAS) के बीच साइंटिफिक सहयोग पर एक समझौता हुआ।
तीन अहम घोषणाएं:
भारत और स्लोवाकिया ने अपने रिश्तों को ‘कॉम्प्रिहेंसिव पार्टनरशिप’ (व्यापक साझेदारी) के स्तर तक ले जाने की घोषणा की।
आतंकवाद से निपटने में सहयोग बढ़ाने के लिए आतंकवाद-रोधी मामलों पर एक जॉइंट वर्किंग ग्रुप बनाया जाएगा।
कॉन्सुलर सेवाओं और वीज़ा से जुड़े मामलों में सहयोग पर बातचीत (कॉन्सुलर डायलॉग) शुरू करने का फैसला लिया गया।






